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संध्या गंगा आरती में ऊँचे मंचों पर खड़े पुजारियों की पंक्ति एक साथ बहु-स्तरीय पीतल के दीप उठाए हुए

सनातन धर्म

हर मंत्र, अर्थ के साथ। हर जाप, श्रद्धा से गिना हुआ।

अर्थ सहित मंत्र, ध्यान और योग, देवी-देवता, त्योहार और पूजा-विधियाँ — निःशुल्क, निजी, हिन्दी और English में।

दैनिक दर्शन

 

आज का दीया जलाएँ

चित्र: AKS.9955CC BY-SA 4.0CC BY-SA 4.0
तिथि
नक्षत्र
सूर्योदय · सूर्यास्त
राहु काल
अगला त्योहार
हिन्दू धर्म से नए हैं?मूल बातों से शुरू करें — बारह छोटे पृष्ठ और सात दिन का मार्ग — उसके लिए लिखे गए जो इसे पहली बार खोल रहा है।यहाँ से शुरू करें →

हर मार्ग, एक घर

मंत्र, ध्यान, योग, त्योहार और पूजा — आज मन जहाँ हो, वहीं से आरम्भ कीजिए।

भावना से आरंभ करें

हर मंत्र के साथ देवनागरी, सरल उच्चारण, अर्थ और उसका अपना जाप काउंटर।

गणेश

ॐ गं गणपतये नमः

Om gam ga-na-pa-ta-ye na-mah

ॐ — गं — गणों के स्वामी गणपति को प्रणाम। गण शिव के अनुचर-समूह हैं; भक्त-टीकाकार इस शब्द को संसार की हर व्यवस्थित शक्ति तक फैलाते हैं — और गणपति वह…

शुभारंभरक्षा

धर्मो रक्षति रक्षितः

Dharmo rakṣati rakṣitaḥ

धर्म उसकी रक्षा करता है, जो धर्म की रक्षा करता है।

— मनुस्मृति ८.१५

यह स्थान कैसे सँभाला जाता है